
गणेश चौक तलवास में गूंजी पौराणिक कथाएं, युवाओं ने मंचन से दिया संस्कार और भक्ति का संदेश
तलवास (मूलचंद शर्मा ) । गणेश महोत्सव के पावन अवसर पर तलवास ग्राम के गणेश चौक में आस्था और संस्कृति का अनूठा संगम देखने को मिला। श्री रिद्धि सिद्धि मण्डल एवं नवयुवकों द्वारा दो दिवसीय आध्यात्मिक एवं ज्ञानवर्धक पौराणिक कथाओं का सजीव मंचन किया गया।युवाओं ने दूसरे दिन भगवान श्री गणेश जी के जन्म की दिव्य कथा का अत्यंत भावपूर्ण मंचन किया। माता पार्वती जी द्वारा स्नान के समय किसी को भी अंदर न जाने की आज्ञा, बाल गणेश द्वारा उस आज्ञा का दृढ़ता से पालन, भगवान शिव द्वारा मस्तक काटना और फिर गजानन रूप में पुनर्जीवन, तथा असुरों के वध जैसी महत्वपूर्ण लीलाओं को जीवंत अभिनय के माध्यम से प्रस्तुत किया गया।*संस्कार से सशक्त बनता है युवा -* आज के दौर में जहां युवा पाश्चात्य संस्कृति की ओर आकर्षित हो रहे हैं, वहीं तलवास के नवयुवकों ने यह सिद्ध कर दिया कि धर्म और आध्यात्मिकता ही जीवन को सही दिशा देती है। गणेश जी की कथा केवल एक कहानी नहीं, बल्कि आज्ञा-पालन, मातृ-पितृ भक्ति, विनम्रता और विघ्नों पर विजय का प्रतीक है। यह मंचन युवाओं को संदेश देता है कि जीवन में कितनी भी बाधा आए, बुद्धि, विवेक और भक्ति से हर विघ्न को हराया जा सकता है।इस दौरान ग्रामीणों की उपस्थिति पहले दिन की तुलना में अधिक रही। श्रद्धालुओं ने बड़े धैर्य और भक्तिभाव के साथ देर तक अपनी उपस्थिति दर्ज कराई, जिससे संपूर्ण वातावरण भक्तिमय और सकारात्मक ऊर्जा से भर गया।
