

नैनवां उपखंड में सावन के अंतिम सोमवार झमाझम बारिश से खिले किसानों के चेहरे
( बाबू लाल शर्मा) नैनवां । उपखंड क्षेत्र में सावन मास के अंतिम सोमवार का दिन क्षेत्रवासियों के लिए बड़ी राहत लेकर आया। सावन के आखिरी सोमवार की शाम को हुई झमाझम बारिश से लंबे समय से बारिश का इंतजार कर रहे लोगों और किसानों के चेहरे खिल उठे।
पिछले कई दिनों से बारिश का दौर थमने के कारण क्षेत्र में भयंकर गर्मी और उमस से आमजन बेहाल हो चुका था। इस झमाझम बारिश ने गर्मी और उमस से तो राहत दिलाई ही, साथ ही मुरझा रही फसलों में भी नई जान फूंक दी है।
फसलों के लिए वरदान साबित होगी बारिश
कृषि विशेषज्ञों और किसानों के अनुसार, बारिश नहीं होने के कारण खेतों में खड़ी फसलें सूखने की कगार पर पहुँच रही थीं। ऐसे में सावन के अंतिम दिन हुई इस मानसूनी बारिश से फसलों को भरपूर फायदा पहुंचेगा और किसानों की चिंताएं कुछ हद तक कम हुई हैं। क्षेत्र के किसानों का कहना है कि यह बारिश उनकी फसलों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है।
भगवान को मनाने के लिए हुए थे अनुष्ठान और टोटके
मानसून की बेरुखी और बारिश न होने से चिंतित ग्रामीणों ने पिछले दिनों इंद्रदेव को प्रसन्न करने के लिए कई जतन किए थे। क्षेत्र के कई गांवों में अच्छी बारिश की कामना को लेकर मंदिरों में अखंड रामायण पाठ और विशेष अनुष्ठानों का आयोजन किया गया था। इसके अलावा, गांवों में पारंपरिक टन-टोटके भी किए गए थे, जिनका असर आखिरकार सावन के आखिरी सोमवार को देखने को मिला।
आमजन ने ली चैन की सांस
शाम को अचानक बदले मौसम के मिजाज और मूसलाधार बारिश से मौसम सुहाना हो गया। कई दिनों की उमस भरी चिपचिपी गर्मी से परेशान आमजन ने राहत की सांस ली। सड़कों और गलियों में पानी बह निकला, जिससे नैनवां क्षेत्र का माहौल खुशनुमा हो गया।
