
नसीराबाद/राहुल कुमार वर्मानसीराबाद नगर पालिका चुनाव को लेकर आरक्षण की लॉटरी निकलने और सभी 20 वार्डों का आरक्षण निर्धारण होने के बाद शहर के राजनीतिक गलियारों में चुनावी हलचल तेज हो गई है। आरक्षण की स्थिति स्पष्ट होते ही कई वार्डों में चुनाव लड़ने के इच्छुक दावेदार खुलकर सामने आने लगे हैं। खास बात यह है कि इस बार सोशल मीडिया चुनावी दावेदारी का प्रमुख मंच बनता नजर आ रहा है।आरक्षण की लॉटरी से पहले जो संभावित दावेदार चुपचाप राजनीतिक समीकरणों पर नजर रखे हुए थे, अब वार्ड की स्थिति अपने अनुकूल आने के बाद सक्रिय दिखाई देने लगे हैं। कई लोगों ने सोशल मीडिया पर अपने फोटो और आकर्षक पोस्टर जारी कर जनता से जुड़ाव दिखाते हुए चुनावी दावेदारी का संकेत देना शुरू कर दिया है।*पोस्टरों से लेकर घोषणा पत्र तक, सोशल मीडिया पर दावेदारी*नसीराबाद के विभिन्न वार्डों में चुनाव लड़ने के इच्छुक लोगों ने सोशल मीडिया का सहारा लेते हुए अपनी दावेदारी पेश करनी शुरू कर दी है। पोस्टरों में जनसेवा, विकास और वार्ड की समस्याओं को प्राथमिकता देने के वादे किए जा रहे हैं। कुछ संभावित दावेदारों ने तो अपने वार्ड के विकास का रोडमैप और प्रस्तावित कार्यों का घोषणा पत्र तक सोशल मीडिया पर जारी कर दिया है।*युवा चेहरों की बढ़ी सक्रियता*इस बार सोशल मीडिया पर दावेदारी जताने वालों में बड़ी संख्या में युवा चेहरे सामने आ रहे हैं। युवा दावेदार खुद को नई सोच, नई ऊर्जा और विकास के नए विजन के साथ जनता के सामने पेश कर रहे हैं। सड़क, नाली, सफाई, पेयजल, स्ट्रीट लाइट, यातायात व्यवस्था और अन्य स्थानीय समस्याओं को लेकर विकास का रोडमैप प्रस्तुत किया जा रहा है।*लॉटरी ने खोले दावेदारों के रास्ते*नगर पालिका के सभी 20 वार्डों का आरक्षण तय होने के बाद राजनीतिक समीकरण भी तेजी से बदल गए हैं। कई संभावित दावेदारों के लिए आरक्षण अनुकूल रहा तो कई लोगों को अब दूसरे विकल्पों पर विचार करना पड़ सकता है। यही वजह है कि आने वाले दिनों में कुछ वार्डों में दावेदारों की संख्या बढ़ने के साथ चुनावी मुकाबला भी रोचक होने की संभावना है।*अब सोशल मीडिया पर दिखेगा चुनावी रंग*दावेदारों की सक्रियता को देखते हुए आने वाले दिनों में सोशल मीडिया पर चुनावी पोस्टर, जनसंपर्क अभियान, विकास के वादे और वार्डवार विजन लगातार देखने को मिल सकते हैं। ऐसे में सोशल मीडिया नसीराबाद नगर पालिका चुनाव में मतदाताओं तक पहुंच बनाने का महत्वपूर्ण माध्यम बनता नजर आ रहा है।आरक्षण की लॉटरी ने चुनावी तस्वीर का पहला अध्याय साफ कर दिया है। अब निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि 20 वार्डों में कौन-कौन से चेहरे पूरी ताकत के साथ मैदान में उतरते हैं और किस दावेदार को राजनीतिक दलों या स्थानीय स्तर पर समर्थन मिलता है।आने वाले दिनों में दावेदारों की सक्रियता बढ़ने के साथ नसीराबाद के वार्डों में चुनावी सरगर्मी और तेज होने के आसार हैं।
